Democratic candidate Sanders says to Putin, Stay out of US elections

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वाशिंगटन। अमरीकी राष्ट्रपति चुनाव ( US Presidential Election ) को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। एक बार फिर से चुनाव से पहले विदेशी हस्तक्षेप को लगाकर बयानबाजी शुरू हो गई है।

दरअसल, डेमोक्रेटिक राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बर्नी सैंडर्स ( Democratic presidential candidate Bernie Sanders ) ने शुक्रवार को रूस को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ( President Vladimir Putin ) 2020 के व्हाइट हाउस के चुनाव (अमरीकी चुनाव) से बाहर रहें, क्योंकि अमरीकी अधिकारियों ने उन्हें बताया था कि मॉस्को उनके अभियान में सहायता करने की कोशिश कर रहा था।

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सैंडर्स ने कैलिफोर्निया ( California ) में मीडिया से बात करते हुए कहा कि खुफिया लोगों ने हमें बताया है कि वे (रूस) 2020 में इस अभियान में हस्तक्षेप कर रहे हैं। लेकिन मैं पुतिन से कहना चाहता हूं कि वे एक निर्वाचित राष्ट्रपति हैं, मुझे विश्वास हैं कि आप अमरीकी चुनाव में हस्तक्षेप नहीं करेंगे।

बता दें कि 78 वर्षीय सैंडर्स को डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर से फ्रंट-रनर माना जाता है। वे वर्मोंट के एक लोकतांत्रिक समाजवादी अमरीकी सीनेटर हैं जो शनिवार को नेवादा कॉकस जीतने के पक्षधर हैं।

वाशिंगटन पोस्ट ने शुक्रवार को इस मामले में अपनी रिपोर्ट में बताया है कि अमरीकी अधिकारियों ने सैंडर्स को रूसी प्रयास के बारे में बताया था और इसको लेकर रिपब्लिकन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अमरीकी सांसदों को भी सूचित किया था।

मॉस्को ने आरोपों से किया इनकार

अमरीका के डेमोक्रेटिक पार्टी की ओर से राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बर्नी सैंडर्स के आरोपों को खारिज कर दिया। क्रेमलिन ( Kremlin ) ने शुक्रवार को इनकार किया कि रूस अमरीकी राष्ट्रपति के चुनाव प्रचार में हस्तक्षेप कर रहा है, ताकि ट्रंप को फिर से चुनाव में फायदा पहुंचाया जा सके। पिछले हफ्ते अमरीकी खुफिया अधिकारियों ने कांग्रेस को चुनावी खतरे के बारे में चेतावनी दी थी।

क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि ये अफसोस है कि इस तरह की बातें सामने आई है। जो भी आरोप लगाए गए हैं, जिसमें अमरीकी खुफिया अधिकारियों ने हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव इंटेलिजेंस कमेटी के सदस्यों को बताया है कि रूस नवंबर की अमरीकी चुनाव से पहले फिर से हस्तक्षेप कर रहा है, जैसा कि 2016 में किया था, सच्चाई से उसका कोई लेना-देना नहीं है।

प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि राष्ट्र 2016 में चुनावों को प्रभावित करने के विदेशी प्रयासों से बचाव के लिए इस बार हम बेहतर स्थिति में है।

फेसबुक ने टिप्पणी करने से किया इनकार

आपको बता दें कि सोशल मीडिया फेसबुक ने सैंडर्स के आरोपों पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया कि अभी तक अमरीकी चुनाव में रूसी हस्तक्षेप करने का कोई फेसबुक अकाउंट है। हालांकि उनमें से कुछ अकाउंट सैंडर्स की प्रशंसा करने के लिए इंस्टाग्राम का उपयोग किया है।

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अमरीकी राजनीति में विदेशी दखल पर नजर रखने वाली संस्था एलायंस फॉर सिक्योरिंग डेमोक्रेसी की जेसिका ब्रांट ने कहा कि रूसी राज्य मीडिया और आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट्स सैंडर्स की मदद के लिए षड्यंत्रकारी सिद्धांतों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश करने का काम कर रहे हैं जो उनके डेमोक्रेटिक प्रतिद्वंद्वियों, डेमोक्रेटिक नेशनल कमेटी और कॉरपोरेट मीडिया उनके खिलाफ ‘सिस्टम में हेराफेरी’ कर रहा है।

आपको बता दें कि 2016 के अमरीकी राष्ट्रपति चुनाव में ट्रंप को फायदा पहुंचाने का आरोप रूस पर लगा था। रूस पर आरोप था कि उन्होंने चुनाव में दखल दिया और ट्रंप को कैंपेनिंग में मदद की। हालांकि इस मामले को लेकर एक जांच कमिटी बनाई गई, जिसमें बीते साल यह रिपोर्ट आई कि रूसी हस्तक्षेप का कोई ठोस प्रमाण नहीं है।

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